Bitcoin क्या होता है?

बिटकॉइन एक digital विकरीकृत मुद्रा होती है। बिटकॉइन एक पहली मुद्रा है। जिसे किसी bank के द्वारा जारी नही किया जाता है।बल्कि इसे computer नेटवर्किंग पे होने वाले payment से बनाया गया है।
इसे बनाने वाले व्यक्ति का नाम Satoshi नकामोतो है। santoshi का ये उपनाम है।
ये एक new मुद्रा है। जिसे समुहिक संगठन पर आधारित payment हेतु सुरक्षित बनाया गया है।नंबर का उपयोग कर बनाई गई ये मुद्रा number में ही रखी जाती है।इस मुद्रा की शुरुआत 3 january 2009 को हुई थी।
 Bitcoin क्या होता है?

Bitcoin विश्व का एकमात्र पहला खुला payment तंत्र है। दुनिया मे लगभग 1करोड़ से अधिक bitcoin मौजूद है। bitcoin एक अनुभव करने की mudra है।अनुभव का मतलब आपको बता दे।कि इसका कोई अपना  रूप नही होता है। bitcoin एक digital करेंसी होती है। जिसे कोई भी देख नही सकता न जेब मे रख सकता है।ये केवल digital मुद्रा है।अगर आप अपने पास bitcoin रखते है। तो आप रुपये की तरह ही इससे कोई भी समान खरीद सकते हो।जिसका पेमेंट आपको Digital तरीके से करना होगा। कुछ लोग तो bitcoin को low दाम में लेते है और high दामो में बेचते है।

इससे लोग काफी फायदा कर रहे है।विश्व मे bitcoin की लोकप्रियता काफी ज्यादा बाद रही है।क्योंकि अन्य डेविट, क्रेडिट card में money ट्रांसफर पे आपको अतिरिक्त charge लगता है। bitcoin में कोई सुल्क नही लगता है। और इसमें कोई limit नही होती है।और bitcoin दुनिया भर में काम करता है। इसीलिए इसकी लोकप्रियता बढ़ रही है। इसमे किसी की खरीदारी का बड़ी आसानी से bitcoin network के जरिये पता लगाया जा सकता है। bitcoin एकदम सुरक्षित और safe होता है।

ऐसी बहुत सी website है।जो bitcoin में payment ले रही है। इसमें आप plane की ticket, hotel room, car अन्य चीजों के लिए pament कर सकते हो।वैसे तो दोस्तो हम bank और compny का सहारा लेना पड़ता है। ये सब compny हमारे पैसे को जब हमें ही देती है तो इसका अतिरिक्त शुल्क ले लेती है। इसीलिए bitcoin तेजी से आगे बढ़ता जा रहा है। bitcoin उन देशों तक भी पहुच रहा है। जहां बैंकिंग सुबिधा नही है।और networking सुबिदा है।वे लोग अपने ब्यापार को bitcoin के जरिये बढ़ा रहे है।

Bitcoin की खाश बात ये भी है।कि इस पे किसी देश की sarkar का कोई स्वमित्व नही होता हैं। क्योंकि bitcoin का जब कोई भौतिक रूप नही होता है।तो कोई सरकार चार्ज नही लगा सकती है। ये केवल नेटवर्क पे आधारित मुद्रा होती है। जिससे लोग अपना लेंन देंन कर पाते है। ये केवल online सेवा होती है।इसे उन लोंगो की सहायता मिलती है जिनके पास computer होता है।और जो internet का उपयोग करते है।इसी को bitcoin maining कहते है।

★bitcoin maining क्या होती है?★

अपनी भाषा मे कहे तो bitcoin maining क्या होती है। उदाहरण देकर बताता हूं।
अगर आप किसी जगह पे खुदाई करते है। तो वह पे कुछ पदार्थ मिलता है। जैसे कोयला,सोना,तेल,आदि इनका स्वरूप होता है यानी हम इन चीजों को देख सकते है।छू भी सकते है।लेकिन bitcoin में ऐसा नही होता है। इसकी maining मतलव इसको बनाना इसे आप सिर्फ computer से ही बना पाओगे।नए bitcoin को बनाने की प्रक्रिया को ही bitcoin माइनिंग कहा जाता है।

◆Bitcoin माइनिंग कौन लोग कर सकते है◆

Bitcoin माइनिंग वे लोग कर सकते है। जिनके पास विशेष computer होता है।और उसकी prossesing क्षमता भी बहुत ज्यादा होनी चाइए। bitcoin बनाने का काम बहुत कठिन होता है। क्योंकि इसमें आपको अपने network को बिल्कुल सुरक्षित रखना पड़ता हैऔर विजली का खर्चा बहुत ज्यादा आता है।  Maining का काम वह लोग करते हैं जो जिनके पास के पास अधिक क्षमता वाले computer और गणना करने की उचित व्यवस्था होती है। ऐसा नहीं होने पर माइनरस केवल बिजली ही खर्च करेगा और अपका time बर्बाद होगा।

Bitcoin के maining का प्रमुख उद्देश है bitcoin note को सुरक्षित बनाना है। वर्तमान में यह सभी मुद्राओ से कही अधिक मूल्यवान mudra बन चुकी है।

Bitcoin के लेन देन करने के लिए bitcoin address का प्रयोग किया जाता है। कोई भी block chane में अपना account बनाकर इसके ज़रिये bitcoin का लेन देन कर सकता है। bitcoin की सबसे छोटी संख्या को satoshi कहा जाता है। एक bitcoin में 10 करोड़ satoshi होते हैं।

★बिटकॉइन का price संपादित ★

Bitcoin का price कई चीजों में निर्भर होता है। उनमे से कुछ सबसे मह्तवपूर्ण चीजें आपूर्ति,मांग है। bitcoin सिमित number में पाया जाता है। 21000000 bitcoin ही माइन किया जा सकता है।तो अगर आपूर्ति से कम मांग हो तो bitcoin का मूल्य घटता है और उल्टा होने पे इसका price बढ़ता है। भारत में bitcoin का मूल्य सबसे अधिक 1362261 indian rupees था।

★चेतावनी भी जरूर पड़े★

Reserve bank of India द्वारा 24 दिसम्बर 2013 को bitcoin जैसी मुद्राओं के सम्बन्ध में एक press कांफ्रेंस जारी हुई गयी थी। इसमें कहा गया था bitcoin के लेन-देन को कोई अनुमति नहीं दी गयी है। और इसका लेन-देन करने में आपको नुकसान भी हो सकता है।

1 फरवरी 2017 और 5 दिसम्बर 2017 को रिजर्व बैंक ने दोबारा इसके बारे में सावधानी जारी की थी।
कई अर्थशास्त्रियों द्वारा bitcoin को पूंजी sceem घोषित किया गया है।

◆उर्जा की खपत संपादित◆

Bitcoin की maining में उपयोग होने वाली बिजली के कारण भी इसकी बुराइयां भी की गयी है। एक bitcoin के बनाने के सौदे में अनुमानित 300 kwh बिजली लगती है। जो 36000 बाल्टी में पानी को गर्म करने के लिए जितनी ऊर्जा की जरूरत होती है उसके बराबर होती है।

तो दोस्तो आपको पता चल गया होगा कि bitcoin क्या होता है ? उम्मीद है पोस्ट में दी गई knowlage आपको पसंद आई होगी।अगर जानकारी अच्छी हो,तो इसे अपने दोस्तों को शेयर जरूर करें :: धन्यवाद ::



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